नई दिल्ली, 27 अप्रैल 2024: एसआरएम इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी (SRMIST) और प्रतिष्ठित समाचार पत्र The Hindu मिलकर एक वेबिनार का आयोजन करने जा रहे हैं, जिसका उद्देश्य कृषि प्रौद्योगिकी (एग्रीटेक) में करियर के अवसरों पर चर्चा करना है। यह वेबिनार ‘‘फ्यूचर करियर कॉन्वर्सेशन’’ श्रृंखला का हिस्सा होगा, जिसमें तकनीक और इंजीनियरिंग के कृषि क्षेत्र में बढ़ते प्रभाव को उजागर किया जाएगा।
इस वेबिनार में विशेषज्ञ किसान, कृषि वैज्ञानिक, इंजीनियर और उद्योग जगत के प्रभावशाली लोग शामिल होंगे, जो कृषि उत्पादन, स्थिरता और दक्षता बढ़ाने में इंजीनियरिंग की भूमिका पर विस्तार से चर्चा करेंगे। एग्रीटेक के क्षेत्र में नवीनतम तकनीकों जैसे सटीक खेती, ड्रोन आधारित निगरानी, स्वचालित मशीनरी, और डेटा-संचालित कृषि पद्धतियों को वेबिनार में प्रमुख विषय के रूप में शामिल किया जाएगा।
SRMIST के अधिकारियों ने बताया कि वेबिनार का उद्देश्य युवा प्रतिभाओं को कृषि क्षेत्र के नवाचारी करियर विकल्पों से अवगत कराना है। यह आयोजन उन स्टूडेंट्स के लिए विशेष रूप से लाभकारी होगा जो कृषि और तकनीक के संगम में अपनी प्रोफेशनल यात्रा शुरू करना चाहते हैं।
The Hindu के प्रतिनिधियों ने कहा कि ‘‘फ्यूचर करियर कॉन्वर्सेशन’’ श्रृंखला युवाओं को विभिन्न उभरते क्षेत्रों में संभावनाओं से परिचित कराती है और एग्रीटेक करियर पर यह वेबिनार कृषि और तकनीकी क्षेत्र के बीच की दूरियों को खत्म करने में मदद करेगा।
इस चर्चा में कृषि में इंजीनियरिंग के योगदान, उत्पादकता में वृद्धि, संसाधनों का संरक्षण, और पर्यावरणीय स्थिरता की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया जाएगा। इस वेबिनार के माध्यम से प्रतिभागियों को एग्रीटेक उद्योग की वर्तमान और भविष्य की मांगों का भी पता चलेगा।
वेबिनार का आयोजन ऑनलाइन किया जाएगा, जिससे देश भर के छात्र, शोधकर्ता और कृषि पेशेवर इसके लाभ उठा सकेंगे। प्रतिभागियों को रजिस्ट्रेशन के बाद वेबिनार की तारीख, समय और जुड़ने का लिंक प्रदान किया जाएगा।
इस अवसर पर विशेषज्ञ वक्ता अपने अनुभव साझा करेंगे और प्रतिभागियों के सवालों के जवाब भी देंगे, जिससे यह कार्यक्रम संवादात्मक और ज्ञानवर्धक बनेगा।
अंत में, एसआरएमआईएसटी और The Hindu का यह संयुक्त प्रयास एग्रीटेक में करियर के प्रति रुचि रखने वालों के लिए एक महत्वपूर्ण कदम कहा जा सकता है, जो कृषि को आधुनिक तकनीक के साथ जोड़कर कृषि क्षेत्र की समृद्धि और नवाचार को प्रोत्साहित करेगा।

