मायसूरु। आगामी 21 जून को भारत सहित विश्वभर में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाया जाएगा। इस वर्ष योग दिवस का 12वाँ संस्करण है, जिसे मनाने के लिए मायसूरु योग फेडरेशन ने विशेष रूप से 120 स्थानों पर योग सत्र आयोजित करने की योजना बनाई है। यह पहल न केवल योग के महत्व को बढ़ावा देगी, बल्कि स्थानीय समुदायों को स्वास्थ्य व तंदुरुस्ती के प्रति जागरूक करने में भी मदद करेगी।
मायसूरु योग फेडरेशन के अध्यक्ष डॉ. शांतनू शर्मा ने बताया कि कोविड-19 महामारी के बाद लोगों में योग और स्वास्थ्य के प्रति रुचि बढ़ी है। इस योग दिवस पर हम चाहते हैं कि अधिक से अधिक लोग योगाभ्यास से जुड़ें और अपनी दिनचर्या में इसे शामिल करें। इस बार के आयोजन में 120 जगहों पर योग प्रशिक्षकों की टीम द्वारा जरुरी सावधानियों का पालन करते हुए सत्र संचालित किए जाएंगे।
योग सत्र की शुरुआत सुबह 7 बजे से होगी और इसमें विभिन्न योगासनों के साथ-साथ प्राणायाम के अभ्यास भी शामिल होंगे। फेडरेशन ने बताया कि विशेष रूप से वृद्धजनों, बच्चों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से जूझ रहे लोगों के लिए भी अलग-अलग सत्र आयोजित किए जाएँगे, ताकि सभी वर्ग के लोग लाभान्वित हो सकें।
मायसूरु शहर के प्रमुख स्थानों जैसे कि चामुंडी हिल्स, कृष्णराजा संग्रहालय, लक्ष्मीनगर पार्क, और कई सरकारी तथा निजी कॉलेजों के कम्पाउंड में ये सत्र आयोजित किए जाएंगे। साथ ही, गांवों में भी योग शिविर लगाकर ग्रामीण क्षेत्रों तक योग के संदेश को पहुंचाने की कोशिश की जाएगी।
इस कार्यक्रम में स्थानीय प्रशासन, पुलिस, स्वास्थ्य विभाग एवं विभिन्न स्वयंसेवी संस्थाओं का भी सहयोग लिया जाएगा, ताकि आयोजन सफलतापूर्वक सम्पन्न हो सके। योग दिवस के अवसर पर आयुष मंत्रालय ने भी इस पहल की सराहना की है और कहा है कि योग विश्वभर में शारीरिक, मानसिक और सामाजिक कल्याण का माध्यम बन रहा है।
ध्यान देने वाली बात यह है कि इस बार के योग दिवस में डिजिटल माध्यमों से भी योगाभ्यास को बढ़ावा दिया जाएगा। योग फेडरेशन ने ऑनलाइन लाइव सेशंस का भी आयोजन किया है ताकि दूरदराज के लोग भी घर बैठे योग कर सकें।
मायसूरु के नागरिकों को इस अवसर का हिस्सा बनने और योग के तहत एक स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। योग दिवस की यह पहल शहर में योग के प्रति जागरूकता एवं सक्रियता दोनों बढ़ाने का अप्रतिम उदाहरण साबित होगी।

