तेहरान। इरान की नई स्ट्रेट ऑफ होर्मुज निगरानी संस्था ने अमेरिका द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों की कड़ी निंदा की है और साथ ही शिपिंग मार्ग में किसी भी तरह की बाधा न डालने का आश्वासन दिया है। यह निकाय, जो इस अहम जलडमरूमध्य के सुरक्षा और संचालन की जिम्मेदारी से जुड़ा है, ने स्पष्ट किया है कि वह उन जहाजों को परिचालन की अनुमति देता रहेगा जो “गैर-शत्रुतापूर्ण” हैं, ताकि क्षेत्र में नौवहन की सुगमता बनी रहे।
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज, जो फारस की खाड़ी और अरब सागर को जोड़ता है, दुनिया के सबसे व्यस्त जलमार्गों में से एक है, और यहां से दैनिक तौर पर करोड़ों बैरल तेल का निर्यात होता है। इसलिए, यहाँ किसी प्रकार का अवरोध वैश्विक आर्थिक स्थिरता पर गंभीर प्रभाव डाल सकता है।
इरानी अधिकारियों ने कहा कि “हम अमेरिकी प्रतिबंधों के खिलाफ कड़े खड़े हैं, लेकिन हमारा उद्देश्य समुद्री मार्गों की सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय क़ानूनों का सम्मान करना है।” रिपोर्ट में यह भी उल्लेख है कि यह संस्था निरंतर स्थिति की समीक्षा करती रहेगी और गैर-शत्रुतापूर्ण जहाजों को पासपोर्ट और परिचालन परमिट जारी करेगी ताकि क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनी रहे।
विश्लेषकों का कहना है कि इस कदम का उद्देश्य तनाव को कम करना और समुद्री सुरक्षा सुनिश्चित करना है, खासकर ऐसे समय में जब फारस की खाड़ी में राजनीतिक गतिरोध और सुरक्षा चिंताएं बढ़ रही हैं। इसके अलावा, इरान की यह नीति अंतरराष्ट्रीय समुद्री समुदाय को यह संकेत देती है कि वे व्यावसायिक नौवहन में बाधा नहीं डालना चाहते।
सरकारी आधिकारिक बयान में यह भी कहा गया है कि आने वाले दिनों में संबंधित देशों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों के साथ सहयोग बढ़ाया जाएगा ताकि किसी भी अप्रत्याशित घटना से बचा जा सके। इस पहल को क्षेत्रीय शांति और समुद्री व्यापार की निरंतरता के लिए एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है।
कुल मिलाकर, इरान की नई स्ट्रेट ऑफ होर्मुज संस्था ने अमेरिकी प्रतिबंधों की आलोचना के बावजूद सुरक्षा और संचालन की जिम्मेदारी की गंभीरता दिखाते हुए शांति और सुचारू नौवहन का वादा किया है। यह नीति क्षेत्रीय और वैश्विक समुद्री सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

