वाशिंगटन, 16 जून 2024: अमेरिका में स्थायी निवास या ग्रीन कार्ड के लिए आवेदन करने वाले प्रवासियों के लिए नई USCIS (यूएस सिटिज़नशिप एंड इमिग्रेशन सर्विसेज) नीति लागू हो गई है। इस नीति के अनुसार, H-1B वीजा धारकों समेत सभी आवेदकों को अब अपने गृह देश लौट कर ही ग्रीन कार्ड के लिए आवेदन करना होगा। यह जानकारी शुक्रवार को USCIS की ओर से जारी एक नोट में दी गई।
USCIS की इस नई नीति का उद्देश्य प्रक्रिया में पारदर्शिता और सुरक्षा बढ़ाना बताया जा रहा है। लेकिन इस कदम के कारण हज़ारों H-1B वीजा धारक, जिनका अमेरिका में ग्रीन कार्ड आवेदन लंबित है, उन्हें अपने देश लौट कर आवेदन करना होगा, जो कि उनके लिए कई तरह की चुनौतियां पैदा कर सकता है।
इससे पहले, अमेरिका में रहते हुए विदेशी कामगार अपने वीजा की स्थिति के साथ ग्रीन कार्ड आवेदनों को फाइल कर सकते थे। मगर अब उन्होंने यह नियम बदला है कि स्थायी निवास के लिए आवेदनकर्ता को अमेरिका छोड़ना जरूरी होगा। इस बदलाव का प्रमुख कारण USCIS के मुताबिक आवेदनों की जांच में सुधार और धोखाधड़ी को रोकना है।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस नीति से आवेदकों के लिए देरी और अतिरिक्त खर्च बढ़ सकता है। वहीं कुछ प्रवासी समुदायों ने भी इस फैसले की आलोचना की है कि इससे उनके परिवार के पुनर्मिलन और करियर दोनों पर बुरा प्रभाव पड़ सकता है। अमेरिकी कामगार बाजार में H-1B वीजा धारकों की महत्वपूर्ण भूमिका को देखते हुए, इस नीति के प्रभावों पर चर्चा तेज हो रही है।
USCIS की ओर से कहा गया है कि ये बदलाव प्रभावी 1 जुलाई 2024 से लागू हो जाएंगे तथा जिन आवेदनों की प्रक्रिया अभी चल रही है, उन पर भी इस नीति का पालन अनिवार्य होगा। प्रवासियों को सलाह दी गई है कि वे अपने आवेदन से संबंधित सभी आवश्यक दस्तावेजों की सही तरह से तैयारी करें और अनुमति प्राप्त करने के बाद ही यात्रा करें।
सरकारी सूत्रों के अनुसार, इस नीति के अंतर्गत, आवेदकों को अपने देश के अमेरिकी दूतावास या वाणिज्य दूतावास में जाकर इंटरव्यू और अन्य प्रक्रिया पूरी करनी होगी। इससे संबंधित अधिकारी समय-समय पर निर्देश और सहायता भी प्रदान करेंगे।
प्रवासी विशेषज्ञों का मानना है कि इस नीति के कारण कई आवेदकों को अस्थायी रूप से रोजगार गंवाना पड़ सकता है, जिससे आर्थिक मुश्किलें पैदा हो सकती हैं। साथ ही, कोविड-19 महामारी के बाद यात्रा प्रतिबंधों ने भी इस प्रक्रिया को और जटिल बना दिया है।
संक्षेप में, यूएस में स्थायी निवास प्राप्त करने की राह में यह नया नियम एक बड़ा बदलाव लेकर आया है, जो आवेदकों के लिए नई चुनौतियों के साथ ही संभावित अवसर भी लेकर आएगा। प्रवासी समुदायों, रोजगार दाताओं, और कानूनी सलाहकारों को इस नीति के प्रभावों को समझकर उचित तैयारी करनी होगी।

