बेंगलुरु। नृपतुंगा क्लस्टर विश्वविद्यालय में मंगलवार को दूसरे और तीसरे वर्ष की दीक्षांत समारोह का भव्य आयोजन किया गया। इस अवसर पर कर्नाटक फिल्म चेंबर ऑफ कॉमर्स की अध्यक्ष जयमाला रामचंद्र, वरिष्ठ साहित्यकार एस.जी. सिद्धरमैय्या तथा अन्य गणमान्य व्यक्तियों को मानद डॉक्टरेट की उपाधि से सम्मानित किया गया। समारोह में विश्वविद्यालय के अनेक छात्रों सहित कई प्रतिष्ठित अतिथियों ने भी भाग लिया।
दीक्षांत समारोह का शुभारंभ विश्वविद्यालय के कुलपति ने किया, जिनका कहना था कि यह कार्यक्रम विद्यार्थियों और शिक्षकों के अथक प्रयासों का प्रमाण है। विश्वविद्यालय ने इस साल विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्रों को भी सम्मानित किया। जयमाला रामचंद्र को उनके समाज सेवा और कला क्षेत्र में योगदान के लिए मानद डॉक्टरेट प्रदान की गई, वहीं एस.जी. सिद्धरमैय्या को कन्नड़ साहित्य में उनके अमूल्य योगदान के लिए यह सम्मान मिला।
कार्यक्रम में कई सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ भी आयोजित की गईं जिनमें कन्नड़ संगीत और नृत्य की परंपराएँ प्रदर्शित की गईं। समारोह में उपस्थित अतिथियों ने विश्वविद्यालय के विद्या और अनुसंधान की प्रशंसा की। आयोजकों ने बताया कि नृपतुंगा क्लस्टर विश्वविद्यालय निरंतर शिक्षा और शोध के क्षेत्र में नए मानक स्थापित कर रहा है, जिससे कर्नाटक की शैक्षणिक प्रगति को मजबूती मिल रही है।
दीक्षांत समारोह के दौरान उपस्थित छात्रों और अभिभावकों ने अपने अनुभव साझा किए और विश्वविद्यालय प्रशासन तथा शिक्षकों का आभार व्यक्त किया। इस तरह के आयोजनों से न केवल छात्रों की प्रेरणा बढ़ती है, बल्कि वे अपने भविष्य के प्रति आशान्वित भी होते हैं।
यह दीक्षांत समारोह एक महत्वपूर्ण अवसर था, जिसने न केवल नवस्नातकों को उनके कड़ी मेहनत के लिए पुरस्कृत किया, बल्कि समाज के लिए उनके योगदान को भी मान्यता दी। नृपतुंगा क्लस्टर विश्वविद्यालय के इस समारोह ने शिक्षा के महत्व और समुदाय में सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में एक नई मिसाल कायम की है।

