केरल में नशा विरोधी अभियान के तहत जनता की सहभागिता की मांग
केरल के गृह मंत्री रमेश चेनिथला ने सोमवार को राज्य में चल रहे नशा उन्मूलन अभियान ‘ऑपरेशन तूफ़ान’ को गति मिलने की बात करते हुए जनता से अधिक सहयोग का आह्वान किया। मंत्री ने कहा कि यह पहल नशे के खात्मे में तेजी से परिणाम ला रही है और इसके लिए समाज के हर वर्ग की भागीदारी आवश्यक है।
एक सार्वजनिक सभागार में बोलते हुए चेनिथला ने बताया कि नशे के खतरे को लेकर बढ़ती जागरूकता ने इस अभियान को सफल बनाने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा कि नशे की समस्या राज्य के लिए एक गंभीर चुनौती है, खासकर युवाओं के बीच इसके फैलाव को लेकर चिंता बढ़ रही है।
उन्होंने बताया कि ‘ऑपरेशन तूफ़ान’ को आगामी पीढ़ी को नशे के खतरों से बचाने के उद्देश्य से शुरू किया गया था। यह अभियान नशे के कारोबार पर रोक लगाने, जागरूकता फैलाने और नशे के आदी व्यक्तियों के लिए पुनर्वास की सुविधाएं प्रदान करने पर केंद्रित है।
चेनिथला ने ज़ोर दिया कि केवल पुलिस या कानून व्यवस्था की एजेंसियां ही इस समस्या से नहीं निपट सकतीं। पुलिस, उत्पाद शुल्क विभाग, शिक्षा और स्वास्थ्य विभागों के समन्वित प्रयास के साथ ही सामाजिक संस्थान और आम नागरिकों की सक्रिय भागीदारी भी उतनी ही जरूरी है।
मंत्री ने बताया कि यह अभियान राजनीतिक दलों से परे एक सामाजिक मिशन बन चुका है, और इसे सभी वर्गों का समर्थन प्राप्त है। उन्होंने परिवारों, खासकर माताओं द्वारा व्यक्त की गई चिंताओं का हवाला देते हुए कहा कि यह सब सरकार के प्रयासों को और तेज करने की प्रेरणा है।
अभियान के अंतर्गत केरल के विभिन्न जिलों में हजारों स्वयंसेवकों को जागरूकता कार्यक्रमों और सामुदायिक अभियानों के लिए तैयार किया गया है, ताकि नशे के खतरे के बारे में जनता को शिक्षित किया जा सके।
इसके अलावा, पुलिस नशे के सौदागरों के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही है और कई संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया है। इसके चलते नशा तस्करी में कमी आई है, लेकिन अभी सतर्कता बनाए रखना आवश्यक है।
चेनिथला ने नागरिकों से अनुरोध किया कि वे इस अभियान में सक्रिय रूप से भाग लें और सतर्क रहें, क्योंकि केवल सामूहिक प्रयास से ही नशे की समस्या को नियंत्रित किया जा सकेगा।
गौरतलब है कि ‘ऑपरेशन तूफ़ान’ यूडीएफ सरकार ने अपने सत्ता में आने के बाद शुरू किया था और यह अभियान राज्य का प्रमुख नशा विरोधी प्रयास बन चुका है। सरकार इस पहल को नशे के विरुद्ध लड़ाई में निर्णायक कदम मानती है।
PTI इनपुट्स के साथ
